संवाददाता शुभम कुमार भागलपुर/ बिहार
भागलपुर से एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है, जहां व्यवहार न्यायालय परिसर में बम विस्फोट से संबंधित सूचना मिलने के बाद प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया हालांकि वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय की ओर से जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, सघन जांच के बाद यह सूचना पूरी तरह झूठी और भ्रामक पाई गई है वर्तमान में न्यायालय परिसर पूरी तरह सुरक्षित है और नियमित न्यायिक व प्रशासनिक कार्यवाही फिर से शुरू कर दी गई है प्राप्त जानकारी के अनुसार, न्यायालय परिसर में बम से जुड़े एक संदिग्ध संदेश की सूचना मिलते ही वरीय पुलिस अधीक्षक, भागलपुर के निर्देश पर सुरक्षा व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से सक्रिय कर दिया गया किसी भी संभावित खतरे को ध्यान में रखते हुए पूरे परिसर को सुरक्षा घेराबंदी में लिया गया और आम लोगों की आवाजाही पर अस्थायी रूप से रोक लगा दी गई इस दौरान न्यायालय आने वाले अधिवक्ताओं, कर्मचारियों और अन्य संबंधित लोगों को भी एहतियातन बाहर ही रोका गया, जिससे कुछ समय के लिए न्यायिक कार्य प्रभावित रहा सुरक्षा मानकों के तहत बम निरोधक दस्ता (बम स्क्वायड) सहित अन्य संबंधित सुरक्षा एजेंसियों को मौके पर बुलाया गया टीमों ने न्यायालय परिसर के भीतर और आसपास के क्षेत्रों की बेहद सघन, विस्तृत और तकनीकी जांच की हर संदिग्ध स्थान, वाहन और वस्तु की बारीकी से तलाशी ली गई ताकि किसी भी तरह के विस्फोटक या आपत्तिजनक सामग्री की संभावना को पूरी तरह समाप्त किया जा सके लंबी जांच प्रक्रिया के दौरान कहीं भी कोई संदिग्ध वस्तु, विस्फोटक सामग्री या खतरनाक सामान बरामद नहीं हुआ जांच पूरी होने के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने स्पष्ट किया कि प्राप्त सूचना निराधार, झूठी और भ्रामक थी इसके बाद न्यायालय परिसर को पूरी तरह सुरक्षित घोषित कर दिया गया और सुरक्षा एजेंसियों द्वारा क्लियरेंस दिए जाने के पश्चात न्यायालय की नियमित न्यायिक एवं प्रशासनिक कार्यवाही पुनः प्रारंभ कर दी गई इससे अधिवक्ताओं, न्यायिक कर्मियों और आम लोगों ने राहत की सांस ली।प्रशासन की ओर से आमजन से अपील की गई है कि किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें साथ ही चेतावनी दी गई है कि झूठी या भ्रामक सूचना फैलाने वाले व्यक्तियों की पहचान कर उनके विरुद्ध विधिसम्मत कठोर कार्रवाई की जाएगी इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था और साइबर माध्यमों से फैलने वाली अफवाहों को लेकर सतर्क रहने की जरूरत को उजागर किया है फिलहाल पुलिस और साइबर टीम ऐसे संदेश भेजने वाले की पहचान करने की दिशा में आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके
बाइट — प्रमोद कुमार सीनियर एसपी भागलपुर
