ठाकुरगंज (किशनगंज):
बिहार बंद का व्यापक असर ठाकुरगंज में देखने को मिला। बुधवार को राजद कार्यकर्ताओं ने नगर पंचायत क्षेत्र की सड़कों पर टायर जलाकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान केंद्र सरकार, राज्य सरकार और निर्वाचन आयोग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।
प्रदर्शन के दौरान राजद नेता मुस्ताक आलम को पुलिस ने हिरासत में लेकर थाना ले गई। बाद में उन्हें निजी मुचलके पर छोड़ा गया। बताया जा रहा है कि मुस्ताक आलम ठाकुरगंज क्षेत्र की आम जनता की आवाज बनकर सड़कों पर उतरे थे। खासकर उन लोगों के हक की बात कर रहे थे, जिनके पास दस्तावेज नहीं हैं लेकिन वर्षों से इलाके में रह रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ठाकुरगंज में जब भी कोई जनसमस्या सामने आती है, मुस्ताक आलम सबसे पहले आवाज उठाते हैं। प्रदर्शन के दौरान भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कुर्लीकोर्ट पुलिस ने हस्तक्षेप किया और मुस्ताक आलम को थाना लाया गया।
राजद कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह गिरफ्तारी लोकतांत्रिक विरोध की आवाज को दबाने की कोशिश है। वहीं, मुस्ताक आलम ने कहा कि वे जनता के हक की लड़ाई लड़ते रहेंगे, चाहे इसके लिए कितनी भी कठिनाइयों का सामना करना पड़े।
