नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बैचलर डिग्री को लेकर लंबे समय से जारी विवाद पर सोमवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया। कोर्ट ने साफ कर दिया कि किसी व्यक्ति की निजी जानकारी को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) को राहत मिल गई है।
दरअसल, केंद्रीय सूचना आयोग (CIC) ने पहले डीयू को आदेश दिया था कि प्रधानमंत्री की बैचलर डिग्री सार्वजनिक की जाए। इस आदेश को विश्वविद्यालय प्रशासन ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। सुनवाई के दौरान अदालत ने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति की शैक्षणिक डिग्री उसकी निजी जानकारी के दायरे में आती है और इसे बिना सहमति के उजागर करना निजता का उल्लंघन होगा।
इस फैसले के बाद प्रधानमंत्री की डिग्री को सार्वजनिक करने की मांग को फिलहाल झटका लगा है। वहीं, दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन ने हाईकोर्ट के इस निर्णय का स्वागत किया है।
