न्यायालय के आदेश के आलोक मे इस्टर्न बिहार चैंबर ऑफ़ कमर्स, भागलपुर के अध्यक्ष एवं महामंत्री के इस्तीफा की उठी मांग 

अमरजीत कुमार तिवारी भागलपुर/ बिहार।

इस्टर्न बिहार चैंबर ऑफ़ कमर्स, भागलपुर को लेकर एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। इस प्रेस वार्ता में मुख्य रूप से पदम् कुमार जैन,अभिषेख डालमिया,अभिषेख कुमार जैन व अन्य मौजूद रहे। प्रेस को संबोधित करते हुए पदम जैन ने कहा कि न्यायालय द्वारा ईस्टर्न बिहार चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के वर्ष 2025–28 के चुनाव संबंधी मामले में एक महत्वपूर्ण आदेश पारित किया गया है। न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया है कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान गंभीर अनियमितताएँ पाई गई। अभिलेखों एवं उपलब्ध साक्ष्यों के अवलोकन से यह पाया गया कि—
पूर्व घोषित चुनाव तिथि में परिवर्तन की सूचना सभी सदस्यों को समय पर नहीं दी गई।सदस्यता निलंबन से संबंधित निर्णयों में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया गया। कई सदस्यों को मतदान के अधिकार से वंचित किया गया।अनुशासनात्मक कार्रवाई में उचित कारण बताओ नोटिस एवं सुनवाई का अवसर प्रदान नहीं किया गया।
मतदान एवं मतगणना की प्रक्रिया में पारदर्शिता एवं विश्वसनीयता सुनिश्चित नहीं की गई। आगे उन्होने बताया कि माननीय न्यायालय ने उपरोक्त तथ्यों, अभिलेख में उपलब्ध साक्ष्य व कागजात एवं परिस्थितियों के आलोक में निष्कर्षत पाया है कि “चेम्बर संविधान के अनुसार आवेदकगण के आजीवन सदस्य की सदस्यता निलंबन की कार्रवाई अनुचित एवं अवैध परिलक्षित होता है जिसके फलस्वरूप आवेदकगण (अभिषेक कुमार जैन, अभिषेक डालमिया एवं पदम कुमार जैन) की सदस्यता को पुर्नबहाल किया जाना न्यायसंगत प्रतीत होता है। अध्यक्ष, इस्टर्न बिहार चेम्बर ऑफ कॉमर्स को आदेश दिया जाता है कि आवेदकगण की सदस्यता को पुनः बहाल करना सुनिश्चित करेंगे। साथ ही अध्यक्ष एवं सचिव, इस्टर्न बिहार चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इन्डस्ट्रीज को सख्त हिदायत दी जाती है कि भविष्य में चेंबर संविधान के दृष्टिगत लोकतांत्रिक संस्था की विश्वसनीयता एवं पारदर्शिता को बरकरार रखना सुनिश्चित करेंगे।
ऐसी स्थिति में हमारी मांग है की संस्था की गरिमा, सदस्यों के विश्वास तथा लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आवश्यक है कि अध्यक्ष और महामंत्री को अपना इस्तीफा दे देना चाहिए।
वहीं पत्रकारों को सभी ने संबिधित करते हुए कहा कि पदाधिकारियों एवं प्रशासन का ध्यान इस महत्वपूर्ण विषय की ओर आकर्षित करते हुए निवेदन है कि न्यायालय के आदेश की भावना के अनुरूप एवं नैतिकता के आधार पर वर्तमान अध्यक्ष और महामंत्री के इस्तीफा की मांग करते हैं। क्योंकि चेम्बर्स ऑफ कमर्स के अध्य्क्ष के चुनाव में भारी गड़बड़ी की गई है जो कि जगजाहिर है। इस बात को सभी लोग जानते और समझते हैं दुर्भाग्य की बात है कि अभीतक वे लोग पद पर बने हुए हैं। वहीं जब इस मसले पर ईस्टर्न बिहार चेम्बर्स ऑफ कमर्स,भागलपुर के अध्यक्ष से उनका पक्ष जानने के लिए संपर्क करने की कोशश की गयी तो उनसे संपर्क नहीं हो सका।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!