मिड डे मील खाने से 15 बच्चे बीमार, स्कूल प्रबंधन की लापरवाही पर उठे सवाल
संवाददाता शुभम कुमार भागलपुर/बिहार
भागलपुर के शाहजंगी गंगोटा मैदान स्थित एक प्राथमिक विद्यालय में मिड डे मील खाने के बाद करीब 15 बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ने का मामला सामने आया है। घटना के बाद स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। आनन-फानन में बच्चों को एंबुलेंस के जरिए सदर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। जानकारी के अनुसार, विद्यालय में बच्चों को मिड डे मील के तहत छोले-चावल परोसा गया था। बच्चों ने बताया कि छोले का स्वाद खट्टा लग रहा था, लेकिन भूख के कारण उन्होंने खाना खा लिया। भोजन करने के कुछ ही देर बाद बच्चों को पेट दर्द, उल्टी और चक्कर आने जैसी समस्याएं होने लगीं, जिसके बाद उनकी स्थिति बिगड़ती चली गई। घटना की सूचना मिलते ही हबीबपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और बच्चों को अस्पताल पहुंचाने में सहयोग किया। डॉक्टरों के अनुसार सभी बच्चों का इलाज किया जा रहा है और उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है, हालांकि उन्हें निगरानी में रखा गया है। इस घटना में सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि अस्पताल में इलाज के दौरान न तो कोई शिक्षक मौजूद था और न ही विद्यालय के प्रधानाचार्य। इससे अभिभावकों में भारी नाराजगी देखी गई। एक अभिभावक ने बताया कि सूचना मिलने पर जब वे अस्पताल पहुंचे तो वहां स्कूल प्रबंधन का कोई जिम्मेदार व्यक्ति नहीं था। बताया जा रहा है कि इसी प्रकार का भोजन अन्य स्कूलों में भी भेजा गया था, लेकिन वहां से किसी तरह की शिकायत सामने नहीं आई है। उल्लेखनीय है कि इसी दिन से एक एनजीओ के माध्यम से मिड डे मील वितरण की शुरुआत की गई थी। फिलहाल प्रशासन ने पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही जा रही है।
