भागलपुर में धूमधाम से मनाई गई फुले-अंबेडकर जयंती, कई गणमान्य लोग हुए शामिल
संवाददाता शुभम कुमार भागलपुर/बिहार
भागलपुर में सामाजिक समरसता और समानता के प्रतीक महात्मा ज्योतिबा फुले और डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में समाज के विभिन्न वर्गों से जुड़े लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और दोनों महापुरुषों के विचारों को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया समारोह की खास बात यह रही कि इसमें भागलपुर के पूर्व सांसद सुबोध राय के अलावा विभिन्न विश्वविद्यालयों के पूर्व कुलपति और बिहार राज्य के कई प्रतिष्ठित डॉक्टरों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और महापुरुषों की तस्वीरों पर माल्यार्पण के साथ हुई। इसके बाद वक्ताओं ने फुले और अंबेडकर के जीवन, संघर्ष और समाज सुधार में उनके योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला
पूर्व सांसद सुबोध राय ने अपने संबोधन में कहा कि महात्मा फुले और डॉ. अंबेडकर ने समाज के कमजोर और वंचित वर्गों को अधिकार दिलाने के लिए जीवनभर संघर्ष किया उनके विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, खासकर तब जब समाज में समानता और न्याय की जरूरत पहले से अधिक महसूस की जा रही है
कार्यक्रम में मौजूद शिक्षाविदों और डॉक्टरों ने भी अपने विचार साझा करते हुए कहा कि शिक्षा ही वह माध्यम है, जिससे समाज में वास्तविक परिवर्तन लाया जा सकता है उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे इन महान विभूतियों के जीवन से प्रेरणा लें और समाज को आगे बढ़ाने में अपनी भूमिका निभाएं इस मौके पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय कलाकारों ने गीत, नृत्य और नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से सामाजिक संदेश दिया कार्यक्रम के अंत में आयोजकों द्वारा सभी अतिथियों को सम्मानित किया गया समारोह का उद्देश्य समाज में जागरूकता फैलाना और समानता, शिक्षा एवं अधिकारों के प्रति लोगों को प्रेरित करना था। बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी ने यह साबित कर दिया कि आज भी फुले और अंबेडकर के विचार समाज के लिए मार्गदर्शक बने हुए हैं।
