अवैध विदेशी शराब बरामदगी मामले में दो अभियुक्त रिहा, एक को 5 वर्ष की सजा
संवाददाता शुभम कुमार भागलपुर बिहार
भागलपुर। अवैध विदेशी शराब बरामदगी के मामले में विशेष उत्पाद न्यायाधीश-2, भागलपुर श्री शिव कुमार शर्मा ने फैसला सुनाते हुए अभियुक्त अरविंद कुमार को बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम की धारा 30(a) के तहत 5 वर्ष के साधारण कारावास एवं ₹1,00,000 के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड की राशि नहीं देने पर अभियुक्त को 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वहीं, मामले के दो अन्य अभियुक्तों माइकल डिजुआ उर्फ राजकुमार मंडल एवं राकेश कुमार उर्फ पप्पू पासवान को साक्ष्य के अभाव में न्यायालय ने रिहा कर दिया।
मामला सबौर थाना कांड संख्या-356/2024 एवं विशेष उत्पाद वाद संख्या-3791/2024 से संबंधित है। अभियोजन के अनुसार, 10 अक्टूबर 2024 को पुलिस टीम अवैध शराब के विरुद्ध गश्ती एवं छापेमारी के लिए निकली थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक उजले रंग के सुमो विक्टा से शराब लाई जा रही है तथा उसके पीछे एक उजले रंग की अपाची मोटरसाइकिल पर दो युवक चल रहे हैं।
सूचना के सत्यापन के दौरान पुलिस टीम ने घेराबंदी कर वाहनों को रोकने का प्रयास किया। पुलिस के अनुसार, तीनों व्यक्तियों को पकड़ा गया तथा तलाशी के दौरान उनके कब्जे से विदेशी शराब की विभिन्न ब्रांडों की बोतलें बरामद की गईं। बरामद शराब में ROYAL STAG PREMIER WHISKY 750 एमएल की 27 बोतलें, 375 एमएल की 91 बोतलें, BLENDERS PRIDE CLASSIC PREMIUM WHISKY 375 एमएल की 12 बोतलें तथा MAGIC MOMENTS 375 एमएल की 17 बोतलें शामिल थीं। बरामद शराब की कुल मात्रा लगभग 65.25 लीटर बताई गई।
पुलिस ने बरामद शराब, मोटरसाइकिल एवं सुमो विक्टा को विधिवत जब्त करते हुए अभियुक्तों के विरुद्ध बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की।
मामले के विचारण के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक श्री भोला कुमार मंडल ने न्यायालय के समक्ष अभियोजन का पक्ष रखा। अभियोजक के सहयोग में अधिवक्ता श्री राजेंद्र कुमार, श्री पिंटू कुमार सिंह एवं श्री रविरंजन कुमार ने अभियोजन पक्ष का सहयोग किया।
न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों एवं दोनों पक्षों की दलीलों पर विचार करने के बाद अरविंद कुमार को धारा 30(a) के तहत दोषी करार देते हुए 5 वर्ष के सश्रम कारावास एवं ₹1 लाख अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने की स्थिति में 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
वहीं, अभियुक्त माइकल डिजुआ उर्फ राजकुमार मंडल एवं राकेश कुमार उर्फ पप्पू पासवान के विरुद्ध आरोप को पर्याप्त साक्ष्य से सिद्ध नहीं पाए जाने पर दोनों को साक्ष्य के अभाव में रिहा कर दिया गया।
