कटिहार:डॉक्टर से मारपीट के आरोप में मुख्य आरोपी गिरफ्तार
संवाददाता मनोज कुमार कटिहार बिहार
क्लिनिक में हंगामा करने वालों को पुलिस का कड़ा संदेश, आरोपी भेजा गया न्यायिक हिरासत में।
बारसोई में चिकित्सक के साथ मारपीट और क्लिनिक में हंगामा करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. गिरफ्तार आरोपी को आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. पुलिस की कार्रवाई के बाद चिकित्सकों के साथ दुर्व्यवहार करने वालों में हड़कंप है.
मामला 19 अगस्त की रात का है. मौलानापुर निवासी मो. असरफ अली की ओर से दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, मरीज को लेकर कुछ लोग क्लिनिक पहुंचे थे. चिकित्सक ने मरीज को अस्पताल ले जाने तथा आवश्यक जांच कराने की सलाह दी थी. आरोप है कि इसी बात को लेकर कुछ लोग बाद में दोबारा क्लिनिक पहुंचे और चिकित्सक के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी.
प्राथमिकी में चिकित्सक पर लाठी, लोहे की रॉड, मुक्का और धारदार हथियार से हमला करने का आरोप लगाया गया है. हमले में चिकित्सक के सिर और ललाट पर चोट लगने की बात कही गयी है. शिकायत में क्लिनिक से 35 हजार रुपये तथा चिकित्सक की जेब से 20 हजार रुपये ले जाने का भी आरोप लगाया गया है. घटना के बाद घायल चिकित्सक का इलाज अनुमंडल अस्पताल बारसोई में कराया गया. मामले में बारसोई थाना कांड संख्या 144/26 दर्ज किया गया है.
मरीज के परिजनों से संयम की अपील
घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई ने यह संदेश दिया है कि इलाज को लेकर किसी भी प्रकार की असहमति या नाराजगी होने पर चिकित्सक के साथ मारपीट अथवा क्लिनिक में हंगामा करना उचित नहीं है. मरीज के इलाज को लेकर शिकायत या असहमति हो तो संबंधित चिकित्सक, अस्पताल प्रबंधन अथवा सक्षम अधिकारी के समक्ष अपनी बात रखी जा सकती है.
हंगामे से इलाज की व्यवस्था होती है प्रभावित
चिकित्सक और मरीज के बीच विश्वास तथा संवाद बेहतर चिकित्सा व्यवस्था की आधारशिला है. अस्पताल या क्लिनिक में हंगामा होने से केवल चिकित्सक ही नहीं, बल्कि वहां इलाज करा रहे अन्य मरीज भी प्रभावित होते हैं. ऐसे में मरीजों के परिजनों से अपील है कि किसी भी परिस्थिति में कानून हाथ में न लें और विवाद की स्थिति में कानूनी प्रक्रिया का सहारा लें. बारसोई पुलिस की त्वरित कार्रवाई को इसी दिशा में अहम कदम माना जा रहा है.
