87.5 लीटर विदेशी शराब बरामदगी मामले में अभियुक्त दोषी, 8 वर्ष की सजा
संवाददाता शुभम कुमार भागलपुर/बिहार
भागलपुर।विशेष उत्पाद न्यायालय, भागलपुर के माननीय न्यायाधीश श्री शिव कुमार शर्मा, जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश-12 द्वारा सबौर (गोराडीह) थाना कांड संख्या 437/2022 एवं विशेष उत्पाद वाद संख्या 3555/2022 में अभियुक्त सोनू कुमार गोंड को बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम, 2016 की धारा 30(ए) एवं 41(1) के अंतर्गत दोषी पाए जाने के उपरांत सजा सुनाई गई।
उल्लेखनीय है कि दिनांक 26.05.2026 को माननीय न्यायालय द्वारा अभियुक्त सोनू कुमार गोंड को उपर्युक्त धाराओं के अंतर्गत दोषी पाया गया था। तत्पश्चात सजा के बिंदु पर सुनवाई करते हुए न्यायालय ने अभियुक्त को धारा 30(ए) के अंतर्गत पांच वर्ष के साधारण कारावास एवं ₹1,00,000/- (एक लाख रुपये) अर्थदंड तथा धारा 41(1) के अंतर्गत आठ वर्ष के साधारण कारावास एवं ₹1,00,000/- (एक लाख रुपये) अर्थदंड से दंडित किया।
अर्थदंड की राशि अदा नहीं करने की स्थिति में प्रत्येक धारा के अंतर्गत छह-छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। न्यायालय ने यह भी निर्देश दिया कि दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
अभियोजन के अनुसार, दिनांक 17.10.2022 को पुलिस को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि एक सिल्वर रंग की महिंद्रा KUV वाहन (पंजीकरण संख्या BR-10PB-6233) से अवैध विदेशी शराब का परिवहन किया जा रहा है। सूचना के सत्यापन हेतु पुलिस टीम द्वारा कोतवाली बांका रोड, गोराडीह में वाहन की घेराबंदी कर तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान वाहन से विभिन्न ब्रांडों की कुल 87.5 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई।
छापेमारी के दौरान वाहन पर सवार तीन व्यक्तियों को मौके पर गिरफ्तार किया गया। बरामद शराब, वाहन एवं अन्य सामग्रियों को विधिवत जब्त करते हुए प्राथमिकी दर्ज की गई तथा अनुसंधान प्रारंभ किया गया। अनुसंधान पूर्ण होने के पश्चात आरोप-पत्र समर्पित किया गया।
विचारण के दौरान अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत मौखिक एवं दस्तावेजी साक्ष्यों तथा अभिलेख पर उपलब्ध अन्य साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने अभियुक्त सोनू कुमार गोंड के विरुद्ध आरोपों को संदेह से परे सिद्ध पाया तथा उसे दोषी करार दिया।
मामले में अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक श्री भोला कुमार मंडल ने प्रभावी बहस प्रस्तुत की। उनके सहयोगी के रूप में अधिवक्ता राजेंद्र कुमार, रविरंजन कुमार एवं पिंटू कुमार सिंह उपस्थित रहे तथा अभियोजन पक्ष का सहयोग किया।
