किशनगंज। किशनगंज पुलिस ने फर्जी निवास प्रमाण पत्र बनाने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में फर्जी दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और नकदी भी बरामद की है।
गर्वनडांगा थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि थाना क्षेत्र में एक ठिकाने पर फर्जी तरीके से निवास प्रमाण पत्र बनाए जा रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, किशनगंज के अनुश्रवण में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2 किशनगंज के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।
गठित टीम ने 22 अगस्त 2025 को तलवारबंधा वार्ड संख्या-05 स्थित ठिकाने पर छापेमारी की। इस दौरान अजय कुमार साह (उम्र 22 वर्ष), पिता दिलीप लाल साह, निवासी जियापोखर वार्ड संख्या-06 को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह आईडी और पासवर्ड का उपयोग कर फर्जी निवास प्रमाण पत्र बनाने के धंधे में शामिल था।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर करीब 20 संदिग्ध निवास प्रमाण पत्र, एक डेस्कटॉप सेट, लैपटॉप, प्रिंटर, लेमिनेशन मशीन, मोबाइल फोन, एक पेन ड्राइव, फिंगरप्रिंट स्कैनर, नकद 39,602 रुपये और 150 नेपाली रुपये बरामद किए।
गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ गर्वनडांगा थाना कांड संख्या 38/25 दिनांक 22.08.2025 दर्ज किया गया है। मामले में सूचना प्रौद्योगिकी (संशोधन) अधिनियम 2000 तथा भारतीय न्याय संहिता 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है। आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है, वहीं पुलिस अन्य संलिप्त आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।
छापेमारी टीम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2 मंगलेश कुमार सिंह, पुलिस उपाधीक्षक (साइबर) रवि शंकर, प्रभारी डीआईयू जन्मेजय कुमार शर्मा, गर्वनडांगा थानाध्यक्ष कुंदन कुमार सहित कई पुलिस अधिकारी और तकनीकी शाखा के कर्मी शामिल थे।
किशनगंज पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि इस प्रकार की किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि अपराध पर रोक लगाई जा सके।
