भागलपुर (बिहपुर प्रखंड)।
अमरपुर के ग्रामीणों ने विधानसभा चुनाव से पहले नेताओं को साफ चेतावनी दी है कि जब तक अमरपुर के माध्यमिक विद्यालय तक सड़क का निर्माण नहीं होगा, तब तक वोट का बहिष्कार किया जाएगा। ग्रामीणों ने “सड़क दो, वोट लो” का नारा लगाकर अपनी मांग स्पष्ट कर दी।
ग्रामीण रोशन ने बताया कि विद्यालय तक पहुंचने के लिए आज भी केवल पगडंडी ही सहारा है। बरसात के दिनों में जलजमाव के कारण छात्र-छात्राओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। अभिभावकों ने इसे बच्चों की शिक्षा और सम्मान से जुड़ा मुद्दा बताया।
रौशन सनगही ने कहा कि अमरपुर की धरती पर शिक्षा का दीप जलाने वाला यह विद्यालय आज भी सड़क जैसी बुनियादी सुविधा से वंचित है। वहीं, प्रिंस कांडलिया ने कहा कि यह सिर्फ सड़क की मांग नहीं बल्कि शिक्षा के सम्मान की लड़ाई है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि जब तक सड़क निर्माण नहीं होगा, तब तक वोट का बहिष्कार किया जाएगा। इस आंदोलन में दीप प्रताप, सोनू झा, राकेश सनगही, सुजीत चौधरी, दीपक चौधरी, पप्पू चौधरी, भानू प्रताप, लंक्ष्मण राय, निर्मल शर्मा, फंटूश कुमार समेत कई लोगों ने अपनी आवाज बुलंद की।
करीब 81 वर्ष पूर्व शिक्षाविद कांति प्रसाद ने मावि अमरपुर की नींव रखी थी। तब से अब तक इस विद्यालय ने हजारों छात्रों को शिक्षित कर समाज को नई दिशा दी है। यहां से पढ़े छात्र डॉक्टर, इंजीनियर, वैज्ञानिक और समाजसेवी बने। इसी विद्यालय ने बिहपुर को पूर्व विधायक राजेंद्र शर्मा जैसे नेता और देश के चर्चित आईएएस अधिकारी व एफएसआइबी अध्यक्ष भानु प्रताप शर्मा दिए, जिन्होंने क्षेत्र का नाम रोशन किया।
अमरपुर का यह विद्यालय ग्रामीण अंचल की शिक्षा की धरोहर है, लेकिन सड़क जैसी मूलभूत सुविधा न होने से आज भी उपेक्षित है। ग्रामीणों ने साफ कहा कि अब सड़क बनने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
