ER/Press Release : 2026/07/85
पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक ने तकनीकी पुस्तकों का लोकार्पण किया तथा साप्ताहिक समीक्षा बैठक में श्रावणी मेला एवं परीक्षा तैयारियों की समीक्षा की
रिपोर्ट – अमित कुमार भागलपुर /बिहार।
पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक श्री मिलिंद देऊस्कर के गतिशील नेतृत्व में आज पूर्व रेलवे मुख्यालय में साप्ताहिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें यात्री सुविधाओं एवं सुरक्षा से जुड़े अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में सभी प्रधान विभागाध्यक्ष व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहे, जबकि मंडल रेल प्रबंधकों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया।
बैठक के दौरान महाप्रबंधक ने हावड़ा मंडल के वरिष्ठ मंडल बिजली इंजीनियर(कर्षण वितरण) श्री एस. के. श्रीवास्तव द्वारा संकलित दो तकनीकी सुरक्षा पुस्तकों के हिंदी एवं बंगाली अनुवादित संस्करणों का लोकार्पण किया, ताकि फील्ड स्टाफ सुरक्षा संबंधी दिशानिर्देशों को सरलता से समझ सके। पहली पुस्तक “टीआरडी विफलताओं के मूल कारण विश्लेषण हेतु निर्देशों का संकलन” शीर्षक से प्रकाशित की गई है। यह पुस्तक अनुसूचित अनुरक्षण निर्देश, निर्देश टिप्पणियाँ, अनुसंधान अभिकल्प एवं मानक संगठन तथा भारतीय रेलवे उन्नत अनुरक्षण प्रौद्योगिकी केंद्र के दिशा-निर्देशों पर आधारित है और इसका उद्देश्य टीआरडी प्रणाली में शून्य विफलता सुनिश्चित करना है। दूसरी पुस्तक “भारतीय रेलवे में एसएमआई एवं आईएन का संकलन” शीर्षक से प्रकाशित की गई है, जिसमें अनुसंधान अभिकल्प एवं मानक संगठन द्वारा जारी अनुसूचित अनुरक्षण निर्देशों एवं निर्देश टिप्पणियों का सरल एवं संक्षिप्त संकलन प्रस्तुत किया गया है। यह पुस्तक कर्षण वितरण विभाग के लिए विश्वसनीय, मानकीकृत, सुरक्षित एवं दक्ष परिचालन सुनिश्चित करने में सहायक होगी।
बैठक के दूसरे चरण में श्रावणी मेला के दौरान यात्रियों की सुविधा एवं व्यवस्थाओं पर विस्तृत चर्चा की गई। वर्तमान में बैद्यनाथ धाम, जसीडीह, देवघर एवं बासुकीनाथ जैसे स्टेशनों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। इस चुनौतीपूर्ण स्थिति के प्रभावी प्रबंधन हेतु पूर्व रेलवे ने व्यापक भीड़ नियंत्रण व्यवस्था, श्रद्धालु सहायता केंद्र, चिकित्सा सुविधाएँ तथा अतिरिक्त टिकट बुकिंग काउंटर स्थापित किए हैं। साथ ही, मेले की अवधि में कुल 1,132 रेल सेवाओं (ट्रेन ट्रिप्स) का संचालन किया जा रहा है। इसी प्रकार, हावड़ा मंडल के महत्वपूर्ण पारगमन केंद्रों जैसे शेयोराफुली जंक्शन एवं तारकेश्वर में भी पूरे पवित्र श्रावण माह के दौरान भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए 246 रेल सेवाओं का संचालन निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त, पूर्व रेलवे ने अस्थायी रूप से कुछ ट्रेनों के ठहराव समय में वृद्धि, अतिरिक्त स्टॉपेज, हावड़ा, सियालदह एवं मालदा मंडलों से प्रारंभ होने वाली 6 जोड़ी मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों में एक-एक अतिरिक्त लाइट स्लीपर/सामान्य द्वितीय श्रेणी कोच जोड़ने, यात्रियों की अचानक बढ़ने वाली भीड़ से निपटने हेतु स्टैंडबाय रेक की व्यवस्था, तारकेश्वर में अतिरिक्त टिकट बुकिंग सुविधाएँ तथा श्रद्धालुओं की बेहतर सेवा के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती की है।
इसके अलावा, पूर्व रेलवे ने 3 अगस्त, 2026 से 21 अगस्त, 2026 तक आयोजित होने वाली रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) लेवल-1 कंप्यूटर आधारित परीक्षा के सफल संचालन हेतु विशेष तैयारियों की भी समीक्षा की। इन व्यवस्थाओं के अंतर्गत बिजली विभाग के पर्यवेक्षक निर्बाध बिजली आपूर्ति, बैकअप व्यवस्था एवं बिजली सुरक्षा की जांच करेंगे, जबकि सिग्नल एवं दूरसंचार विभाग के पर्यवेक्षक परीक्षा प्रारंभ होने से पूर्व इंटरनेट कनेक्टिविटी, सर्वर रूम की तैयारी तथा संचार अवसंरचना का सत्यापन करेंगे।सुरक्षा विभाग स्थानीय पुलिस के साथ अग्रिम समन्वय स्थापित करेगा, परीक्षा केंद्रों का कार्यक्रम साझा करेगा, प्रत्येक केंद्र के लिए भीड़ प्रबंधन एवं आपातकालीन प्रतिक्रिया योजना तैयार करेगा तथा कानून-व्यवस्था अथवा एफआईआर से संबंधित मामलों के समाधान हेतु रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के अधिकारी स्तर के अधिकारियों को नामित करेगा।परिचालन विभाग आवश्यकता पड़ने पर विशेष ट्रेनें अथवा अतिरिक्त कोच उपलब्ध कराएगा तथा अभ्यर्थियों की आवाजाही को प्रभावित करने वाले अनुरक्षण अथवा यातायात अवरोधों से बचने के लिए आवश्यक कदम उठाएगा। परीक्षा अवधि के दौरान मुख्यालय एवं मंडल स्तर पर कार्मिक एवं सुरक्षा विभागों द्वारा संचालित 24×7 नियंत्रण कक्ष भी कार्यरत रहेंगे।
इन पहलों के संबंध में पूर्व रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी श्री शिबराम माझि ने कहा-“हमारे महाप्रबंधक की दूरदर्शी सोच के अनुरूप पूर्व रेलवे श्रावणी मेला के दौरान सभी श्रद्धालुओं को निर्बाध यात्रा, सुरक्षित परिवहन तथा बेहतर यात्री सुविधाएँ उपलब्ध कराने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। साथ ही, आगामी रेलवे भर्ती बोर्ड परीक्षाओं में सम्मिलित होने वाले सभी अभ्यर्थियों के लिए सुरक्षित, निष्पक्ष एवं सुगम आवागमन सुनिश्चित करने हेतु सभी विभागों के समन्वय से मजबूत एवं व्यापक व्यवस्थाएँ की गई हैं।”
