रेस्टोरेंट 2.0 का काला केबिन कांड: देह व्यापार छुपाने के लिए पांच पत्रकारों को फंसाने की साजिश
रिपोर्ट – अमित कुमार भागलपुर/ बिहार।
*27/04/2026
*खबर का सार -……
*1. आरोप क्या है:*
भागलपुर के माणिक सरकार चौक स्थित *रेस्टोरेंट 2.0* में केबिन बनाकर *400 रुपए/घंटा* में देह व्यापार चल रहा था। नाबालिग लड़कियां भी शामिल। कई युवक-युवतियां आपत्तिजनक हालत में मिले।
*2. स्टिंग और पलटवार:*
पत्रकारों की टीम स्टिंग करने पहुंची। आरोप है कि रेस्टोरेंट संचालक के सामने आते ही जोगसर थाना प्रभारी *मंटू कुमार* मौके पर पहुंचे। स्टिंग रोककर उल्टा पत्रकारों *- अजय कुमार, संजीव मिश्रा, अरविंद कुमार, गौतम सुमन गर्जना, मो. समीउल्लाह* पर रंगदारी/ब्लैकमेलिंग की FIR कर दी।
*3. पुलिस की भूमिका संदिग्ध:*
– कई बार शिकायत के बाद भी रेस्टोरेंट पर कार्रवाई नहीं।
– पुलिस ने पत्रकारों की बात नहीं सुनी, सबूत दबाए।
– “जोगसर थानेदार द्वारा सच उजागर करने वालों पर ही केस” – अखबार का दावा।
– रेस्टोरेंट पर अब तक कार्रवाई नहीं, पर पत्रकारों को तुरंत जेल।
*4. कोर्ट में क्या हुआ:*
CJM भागलपुर के सामने पुलिस ठोस साक्ष्य नहीं दे पाई। कोर्ट ने *सभी पांचों पत्रकारों को जमानत* दे दी। ID प्रूफ सही पाए गए। केस टिक नहीं पाया।
*5. अखबार ने उठाए सवाल:*
– “स्टिंग में खुला ब्लू लाइट का डर्टी खेल, पुलिस पर लगा संरक्षण का आरोप”
– “क्या सच दबाने के लिए साजिश रची गई?”
– “रेस्टोरेंट का नाम सामने आने के बाद भी कार्रवाई क्यों नहीं?”
– “परिवारों की मानसिक पीड़ा का जिम्मेदार कौन?”
