प्रेस विज्ञप्ति : 2026/06/01
प्रगति की लय: यात्री सुविधा और सुरक्षा के लिए हर पल समर्पित पूर्व रेलवे
कोलकाता, 01 जून, 2026:।
रिपोर्ट – अमित कुमार भागलपुर/ बिहार।
एक मधुर संगीत की तरह, रेलवे नेटवर्क भी सामंजस्य पर आधारित होता है। प्लेटफॉर्म पर टिक-टिक करती हर घड़ी, वातावरण में गूंजती हर उद्घोषणा और चमकते हुए प्रत्येक डिस्प्ले बोर्ड मिलकर एक ऐसी लय का निर्माण करते हैं, जो सुरक्षित, आरामदायक और निर्बाध यात्रा का आधार बनती है। प्रत्येक यात्रा को यादगार बनाने के लिए चौबीसों घंटे कार्य करने के संकल्प के साथ, महाप्रबंधक श्री मिलिंद देऊस्कर के नेतृत्व में पूर्व रेलवे ने अप्रैल 2026 के मात्र एक महीने के दौरान अपने स्टेशनों पर व्यापक परिवर्तन किए हैं। यह केवल तकनीकी उन्नयन की सूची नहीं है, बल्कि उन लाखों यात्रियों के प्रति एक भावनात्मक प्रतिबद्धता है जो प्रतिदिन अपने जीवन और सपनों के लिए रेलवे पर भरोसा करते हैं। इन प्रयासों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्रा के हर चरण में यात्रियों को सुरक्षा, सुविधा और आत्मीयता का अनुभव हो।
व्यस्त रेलवे प्लेटफॉर्म पर कदम रखते समय यात्रियों को कभी-कभी भ्रम और असुविधा का सामना करना पड़ता है, लेकिन पूर्व रेलवे अब इस भ्रम को स्पष्टता और चिंता को विश्वास में बदल रहा है। ट्रेन के कोच की सही स्थिति जानना अब पूरी तरह आसान हो गया है। हावड़ा मंडल के साइंथिया स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 1 एवं 2 तथा आजिमगंज स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 6 पर कुल 58 नए कोच गाइडेंस डिस्प्ले बोर्ड लगाए गए हैं, जिससे यात्री आत्मविश्वास के साथ अपने कोच के आगमन स्थल पर खड़े हो सकेंगे। वहीं, प्रतिदिन हजारों यात्रियों की आवाजाही वाले प्रतिष्ठित सियालदह स्टेशन पर एक विशाल आउटडोर वीडियो वॉल स्थापित की गई है, जो वास्तविक समय में ट्रेन संबंधी महत्वपूर्ण सूचनाएं प्रदर्शित करेगी ताकि कोई भी यात्री आवश्यक जानकारी से वंचित न रहे। इसके साथ ही, कैनिंग स्टेशन पर सार्वजनिक संबोधन प्रणाली को सुदृढ़ बनाया गया है ताकि महत्वपूर्ण सुरक्षा घोषणाएं स्टेशन के हर कोने तक स्पष्ट रूप से पहुँच सकें। समय की सटीक जानकारी उपलब्ध कराने और यात्रियों की यात्रा को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए कैनिंग एवं मध्यमग्राम स्टेशनों पर 10 अतिरिक्त जीपीएस आधारित प्लेटफॉर्म घड़ियां भी लगाई गई हैं।
पूर्ण सुरक्षा के बिना वास्तविक सुविधा संभव नहीं है। इसी उद्देश्य से पूर्व रेलवे ने पर्दे के पीछे रहकर ऐसे अनेक महत्वपूर्ण कार्य किए हैं जो यात्रियों और उनके प्रियजनों की सुरक्षित घर वापसी सुनिश्चित करते हैं। रेलवे फाटकों पर सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए हावड़ा मंडल के मसाग्राम और गुराप सहित सियालदह मंडल के बनगांव, बारासात, काकद्वीप तथा लक्ष्मीकांतपुर स्टेशनों के अंतर्गत कुल 12 इंटरलॉक्ड समपार फाटकों पर वॉयस रिकॉर्डिंग सुविधा युक्त उन्नत गेट टेलीफोन लगाए गए हैं। इससे गेटकीपर और स्टेशन मास्टर के बीच होने वाला संचार सुरक्षित, स्पष्ट और रिकॉर्डेड रहेगा। डिजिटल सेवाओं को भी और अधिक सशक्त बनाया गया है। सियालदह स्टेशन पर ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीनों के लिए कनेक्टिविटी को उन्नत किया गया है, जिससे टिकट लेने के लिए लगने वाली लंबी कतारों में कमी आएगी। वहीं, आवश्यक माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु आसनसोल और दुर्गापुर गुड्स शेडों में 8 नए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। रेलवे संचार प्रणाली को निर्बाध बनाए रखने के लिए सोदपुर ऑप्टिकल फाइबर हट में पुराने बैटरी सेटों को बदलकर अत्यधिक विश्वसनीय नई प्रणालियां स्थापित की गई हैं। इसके अतिरिक्त, मालदा मंडल के बसुदेवपुर में नव-निर्मित इंटरमीडिएट ब्लॉक हट (IBH) में डेटा लॉगर और सुरक्षा प्रणालियों सहित अत्याधुनिक दूरसंचार उपकरण सफलतापूर्वक चालू किए गए हैं, जो ट्रेनों के बीच सुरक्षित दूरी बनाए रखने और दुर्घटनाओं की संभावना को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
अप्रैल 2026 के दौरान बिछाई गई प्रत्येक तार, स्थापित किया गया प्रत्येक कैमरा और समन्वित की गई प्रत्येक घड़ी पूर्व रेलवे और उसके यात्रियों के बीच गहरे भावनात्मक संबंध का प्रतीक है। इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर पूर्व रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी श्री शिबराम माझि ने कहा कि रेलवे स्टेशन केवल कंक्रीट और लोहे की संरचना नहीं है, बल्कि यह भावनाओं, मिलन और नई शुरुआतों का केंद्र है। उन्होंने कहा कि अप्रैल माह में किए गए प्रत्येक तकनीकी उन्नयन का उद्देश्य यात्रियों के लिए एक मौन संरक्षक के रूप में कार्य करना है। चाहे वह किसी यात्री को अपना कोच नंबर स्पष्ट रूप से देखने में मदद करना हो या किसी गेटकीपर को स्टेशन मास्टर से तुरंत बात करने में सक्षम बनाना हो। पूर्व रेलवे चौबीसों घंटे यात्रियों की सेवा में तत्पर है क्योंकि यात्री सुरक्षा उसके लिए सर्वोच्च कर्तव्य है और यात्री सुविधा उसकी सबसे बड़ी उपलब्धि।
